गुरुवार, 27 दिसंबर 2007

अर्थ हीन

अर्थ हीन सम्वादो का सिलसिला
मै तोडना नही चाहता
शायद इसी बहाने
मै तुम्हे छोडना नही चाहता

विक्रम

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